tag:blogger.com,1999:blog-21658146.post-1150633435398746262006-06-18T17:53:00.000+05:302006-06-18T17:53:00.000+05:30आप सभी शुभचिन्तक मित्रगणों का हार्दिक धन्यवाद। आपक...आप सभी शुभचिन्तक मित्रगणों का हार्दिक धन्यवाद। आपका प्यार सदा बना रहे, यही तमन्ना है। इस मौके पर मेरी यह आरजू है:लब पे आती है दुआ बनके तमन्ना मेरी।ज़िन्दगी शम्मअ़ की सूरत हो खुदाया मेरी।।दूर दुनिया का मेरे दम से अंधेरा हो जाए।हर जगह मेरे चमकने से उजाला हो जाए।।हो मेरे दम से युंही मेरे वतन की ज़ीनत।जिस तरह फूल से होती है चमन की ज़ीनत।।ज़िन्दगी हो मेरी परवाने की सूरत यारब।इल्म की शम्मअ़ से हो मुझकोSrijan Shilpihttp://www.blogger.com/profile/09572653139404767167noreply@blogger.com